विवेक त्रिपाठी स्टेट हेड चाणक्य न्यूज इंडिया उत्तराखंड उत्तराखंड के लिए एक बार फिर गर्व का पल है। IIT रुड़की के जलविज्ञान (Hydrology) विभाग के प्रोफेसर अंकित अग्रवाल को वर्ष 2026 के प्रतिष्ठित NASI Young Scientist Award के लिए चुना गया है। यह सम्मान वैज्ञानिक क्षेत्र में उनके महत्वपूर्ण योगदान और शोध नेतृत्व को मान्यता देता है।
National Academy of Sciences, India (NASI) की ओर से दिया जाने वाला यह पुरस्कार शुरुआती करियर के उन वैज्ञानिकों को सम्मानित करता है, जिन्होंने अपने क्षेत्र में उल्लेखनीय शोध कार्य किया हो और भविष्य में वैज्ञानिक अनुसंधान की मजबूत संभावनाएं दिखाई हों। पुरस्कार के साथ आगे के शोध कार्यों के लिए रिसर्च इंसेंटिव भी शामिल है।
प्रोफेसर अंकित अग्रवाल का शोध क्षेत्र जलविज्ञान, जलवायु विज्ञान और प्राकृतिक आपदाओं के अध्ययन से जुड़ा है। उनका अकादमिक सफर भी काफी प्रभावशाली रहा है। उन्होंने IIT दिल्ली से Hydrology and Water Resources Science में मास्टर डिग्री की और जर्मनी के University of Potsdam से डॉक्टरेट किया। इसके बाद उन्होंने जर्मनी में Potsdam Institute for Climate Impact Research और Helmholtz Centre Potsdam में पोस्टडॉक्टोरल वैज्ञानिक के रूप में भी काम किया।
अंकित अग्रवाल अक्टूबर 2019 में IIT रुड़की से जुड़े थे और सितंबर 2025 से वे Department of Hydrology में Associate Professor के रूप में कार्यरत हैं। इसके अलावा वे कई अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक जर्नल्स के संपादकीय बोर्ड से भी जुड़े हुए हैं।
यह सम्मान सिर्फ एक वैज्ञानिक को मिला पुरस्कार नहीं, बल्कि उत्तराखंड की धरती से निकलकर देश-दुनिया के वैज्ञानिक मंच पर अपनी पहचान बनाने वाली प्रतिभा की कहानी भी है। पहाड़ों और पानी से गहराई से जुड़े उत्तराखंड में जलविज्ञान जैसे विषय पर हो रहा यह शोध भविष्य में जल संसाधनों, जलवायु परिवर्तन और प्राकृतिक आपदाओं को बेहतर ढंग से समझने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
अंकित अग्रवाल की यह उपलब्धि उन युवाओं के लिए भी प्रेरणा है, जो पहाड़ से निकलकर विज्ञान और शोध की दुनिया में बड़ा मुकाम हासिल करने का सपना देखते हैं।
